Writing competencies MCQs Quiz | Class 9

यह क्विज कक्षा: IX-X, विषय: द्वितीय भाषा के रूप में हिंदी (कोड 085), इकाई: लेखन कौशल (लेखन), टॉपिक: लेखन कौशल MCQ क्विज | कक्षा 9 के लिए डिज़ाइन किया गया है। यह क्विज व्याकरण-सम्मत भाषा, सही वर्तनी, विराम-चिह्न, सक्रिय शब्द-भंडार, प्रभावी शैली, अनुच्छेद-विन्यास, विभिन्न पत्र/ईमेल/SMS/प्रपत्र, स्रोतों से सामग्री लेकर अनुच्छेद, घटना-वर्णन + प्रतिक्रिया, कहानी↔संवाद रूपांतरण, सूचना/प्रतिवेदन, सृजनात्मकता, सुपाठ्य लेखन, दो पाठों के अंतर्संबंध पर लेखन, और रटंत नहीं—स्थिति-आधारित उच्च चिंतन पर मौलिक विचारों जैसे विषयों को कवर करता है। अपनी समझ का परीक्षण करने के लिए सभी 10 प्रश्नों के उत्तर दें, फिर ‘Submit Quiz’ बटन पर क्लिक करके अपना स्कोर देखें और विस्तृत उत्तर पीडीएफ डाउनलोड करें।

लेखन कौशल का महत्व और विकास (Importance and Development of Writing Skills)

लेखन कौशल किसी भी भाषा में प्रभावी संचार के लिए एक महत्वपूर्ण स्तंभ है। यह न केवल विचारों को स्पष्ट रूप से व्यक्त करने में मदद करता है, बल्कि व्यक्ति की सोच, सृजनात्मकता और व्याकरणिक पकड़ को भी दर्शाता है। CBSE कक्षा 9 और 10 के पाठ्यक्रम में लेखन कौशल पर विशेष जोर दिया गया है, ताकि छात्र विभिन्न स्थितियों में अपनी बात को लिखित रूप में प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत कर सकें।

लेखन कौशल के प्रमुख घटक (Key Components of Writing Skills):

  • व्याकरण-सम्मत भाषा और सही वर्तनी: शुद्ध और सटीक भाषा का प्रयोग लेखन की पहली शर्त है। इसमें शब्दों की सही वर्तनी, वाक्य-विन्यास और व्याकरण के नियमों का पालन शामिल है।
  • विराम-चिह्न: सही विराम-चिह्नों का प्रयोग अर्थ की स्पष्टता के लिए अत्यंत आवश्यक है। यह पाठक को वाक्य के भाव और ठहराव को समझने में मदद करता है।
  • सक्रिय शब्द-भंडार: शब्दों की विस्तृत जानकारी लेखन को समृद्ध और प्रभावशाली बनाती है। पर्यायवाची, विलोम और मुहावरों का उचित प्रयोग लेखन में चार चाँद लगा देता है।
  • प्रभावी शैली: लेखन की शैली पाठक को आकर्षित करती है। इसमें विचारों की क्रमबद्धता, भाषा का प्रवाह और अभिव्यक्ति की मौलिकता शामिल है।
  • अनुच्छेद-विन्यास: किसी विषय पर विचारों को सुसंगत और क्रमबद्ध तरीके से एक छोटे पैराग्राफ में प्रस्तुत करना। इसमें एक केंद्रीय विचार होता है जिसे सहायक वाक्यों से विकसित किया जाता है।

विभिन्न प्रकार के लेखन (Various Types of Writing):

पाठ्यक्रम में विभिन्न प्रकार के लेखन शामिल हैं, जिनमें से प्रत्येक का अपना विशिष्ट प्रारूप और उद्देश्य होता है:

  • पत्र/ईमेल/SMS/प्रपत्र लेखन: औपचारिक और अनौपचारिक पत्र, ईमेल और लघु संदेश (SMS) लिखने के सही प्रारूप और शिष्टाचार को समझना।
  • स्रोतों से सामग्री लेकर अनुच्छेद: दिए गए संकेत बिंदुओं या सामग्री के आधार पर अनुच्छेद लेखन।
  • घटना-वर्णन + प्रतिक्रिया: किसी देखी या सुनी हुई घटना का विस्तृत और प्रभावशाली वर्णन करना, साथ ही उस पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करना।
  • कहानी↔संवाद रूपांतरण: कहानी को संवाद के रूप में और संवाद को कहानी के रूप में परिवर्तित करना, जिससे पात्रों के भाव और स्थिति स्पष्ट हो सकें।
  • सूचना/प्रतिवेदन लेखन: किसी महत्वपूर्ण जानकारी या घटना पर संक्षिप्त और स्पष्ट सूचना या विस्तृत प्रतिवेदन (रिपोर्ट) तैयार करना।

सृजनात्मकता और सुपाठ्य लेखन (Creativity and Legible Writing):

एक अच्छा लेखक अपने लेखन में मौलिकता और सृजनात्मकता का परिचय देता है। रटंत विद्या के बजाय स्थिति-आधारित उच्च चिंतन पर मौलिक विचार व्यक्त करना अधिक महत्वपूर्ण है। इसके साथ ही, सुपाठ्य लेखन भी आवश्यक है ताकि पाठक बिना किसी कठिनाई के सामग्री को पढ़ और समझ सकें।

विराम-चिह्नों का महत्व (Importance of Punctuation Marks):

सही विराम-चिह्नों का प्रयोग लेखन में सटीकता और स्पष्टता लाता है। नीचे कुछ प्रमुख विराम-चिह्न और उनके उपयोग दिए गए हैं:

विराम-चिह्न नाम उपयोग उदाहरण
. पूर्ण विराम वाक्य समाप्त होने पर राम स्कूल जाता है।
, अल्प विराम थोड़ी देर रुकने के लिए, सूची में मोहन, सुरेश और दिनेश खेल रहे हैं।
? प्रश्नवाचक चिह्न प्रश्न पूछने पर तुम कहाँ जा रहे हो?
! विस्मयादिबोधक चिह्न हर्ष, शोक, आश्चर्य आदि भावों के लिए वाह! कितना सुंदर दृश्य है!
; अर्ध विराम जब दो उपवाक्य जुड़े हों पर पूर्ण विराम न हो सूर्योदय हो गया; पक्षी चहचहाने लगे।

त्वरित पुनरावलोकन (Quick Revision):

  • लेखन में व्याकरण, वर्तनी और विराम-चिह्न की शुद्धता आवश्यक है।
  • शब्द-भंडार और प्रभावी शैली लेखन को बेहतर बनाते हैं।
  • अनुच्छेद, पत्र, सूचना, प्रतिवेदन आदि के सही प्रारूप का अभ्यास करें।
  • रचनात्मकता और मौलिक विचारों को बढ़ावा दें।
  • लेखन स्पष्ट और सुपाठ्य होना चाहिए।

अभ्यास के लिए अतिरिक्त प्रश्न (Additional Practice Questions):

  1. ‘मुझे आज बाजार जाना है सब्जी खरीदने’ – इस वाक्य को व्याकरणिक रूप से सही करके लिखिए।
  2. “शिक्षक ने कहा तुम कहाँ गए थे कल” – इस वाक्य में उचित विराम-चिह्नों का प्रयोग करके पुनः लिखिए।
  3. ‘जल ही जीवन है’ विषय पर लगभग 80-100 शब्दों में एक अनुच्छेद लिखिए।
  4. अपने विद्यालय के प्रधानाचार्य को एक आवेदन पत्र लिखिए, जिसमें आप तीन दिन के अवकाश का अनुरोध कर रहे हों।
  5. ‘परिश्रम का फल मीठा होता है’ – इस कहावत का अर्थ समझाते हुए एक उदाहरण दीजिए।